बेमेतरा में बनेगी छत्तीसगढ़ की पहली ‘ओपन जेल’, 10 हेक्टेयर में होगा निर्माण, कैदी बनेंगे आत्मनिर्भर

छत्तीसगढ़ के जेल प्रशासन और न्याय व्यवस्था में एक नया और सुधारात्मक अध्याय जुड़ने जा रहा है। राज्य सरकार ने प्रदेश की पहली ‘ओपन जेल’ (Open Jail) बेमेतरा जिले में खोलने का आदेश जारी कर दिया है। इसे पथर्रा गांव में करीब 10.20 हेक्टेयर जमीन पर विकसित किया जाएगा, जहां शुरुआत में 200 कैदियों को रखा जा सकेगा।

क्या होती है ओपन जेल?
ओपन जेल एक ऐसा आधुनिक और सुधारात्मक कंसेप्ट है, जहां कैदियों को ऊंची कंक्रीट की दीवारों और सख्त पहरे के बीच नहीं रखा जाता। यहां उन कैदियों को शिफ्ट किया जाता है जिनका आचरण जेल में अच्छा रहा हो। उन्हें एक सामान्य माहौल में रखकर समाज की मुख्यधारा से जोड़ने का प्रयास किया जाता है।

13 साल की सजा काट चुके कैदियों को मिलेगा मौका
उप मुख्यमंत्री और गृह मंत्री विजय शर्मा ने बताया कि पहले चरण में उन कैदियों को यहां लाया जाएगा जो 13 साल से अधिक की सजा काट चुके हैं। यहां उन्हें अलग-अलग रोजगार के काम सिखाए जाएंगे, उनका स्किल डेवलपमेंट होगा ताकि सजा पूरी होने के बाद वे आत्मनिर्भर बन सकें।

कैसे होगा कैदियों का चयन?
ओपन जेल में किसे भेजा जाएगा, इसका फैसला जेल महानिदेशक (DG) की अध्यक्षता वाली एक विशेष समिति करेगी। विभिन्न जेलों के अधीक्षक अच्छे आचरण वाले योग्य कैदियों की सूची समिति को भेजेंगे, जिसके गहन परीक्षण के बाद ही उन्हें ओपन जेल में शिफ्ट किया जाएगा।