आईपीएल में अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी से सुर्खियां बटोरने वाले युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी (Vaibhav Suryavanshi) अब जिम्बाब्वे दौरे पर टीम इंडिया की उम्मीदों का बड़ा चेहरा हैं। हालांकि क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि विरोधी टीम उनकी एक तकनीकी कमजोरी का फायदा उठाने की कोशिश कर सकती है।
ऑफ स्टंप के बाहर गेंदें बन सकती हैं चुनौती
विश्लेषण के अनुसार वैभव शुरुआत से ही आक्रामक बल्लेबाजी करते हैं। ऐसे में ऑफ स्टंप के बाहर अच्छी लेंथ और उछाल वाली गेंदों पर जल्द बड़ा शॉट खेलने की उनकी प्रवृत्ति को विपक्षी गेंदबाज निशाना बना सकते हैं। यही उनकी सबसे बड़ी कमजोरी मानी जा रही है।
लेकिन आंकड़े देते हैं भरोसा
जिम्बाब्वे के खिलाफ वैभव का रिकॉर्ड शानदार रहा है। अंडर-19 विश्व कप 2026 में उन्होंने जिम्बाब्वे के खिलाफ महज 30 गेंदों में 52 रन की तूफानी पारी खेली थी। इस दौरान उन्होंने 4 चौके और 4 छक्के लगाए थे।
आईपीएल 2026 में भी वैभव ने अपने बल्ले से खूब धमाल मचाया। पूरे सीजन में उनका स्ट्राइक रेट 230 से ज्यादा रहा और उन्होंने लगातार मैच जिताने वाली पारियां खेलीं, जिससे उनकी आक्रामक बल्लेबाजी की क्षमता साबित हुई।
जल्दबाजी में फैसला नहीं
जिम्बाब्वे के कप्तान सिकंदर रजा ने भी वैभव का समर्थन करते हुए कहा कि महज दो-तीन मैचों के आधार पर 15 वर्षीय खिलाड़ी का आकलन करना उचित नहीं है। उनके मुताबिक वैभव भविष्य के बड़े सितारे बन सकते हैं और उन्हें समय दिया जाना चाहिए।



